जय सियाराम • तीर्थ गुरु पुष्करराज से
पुण्य आपका,
सेवा हमारी। 🕉️
व्यस्तता के कारण खुद दान-पुण्य, हवन, पूजा नहीं कर पाते? पुण्यता आपके नाम एवं गोत्र से तीर्थ गुरु पुष्करराज में यह ज़िम्मेदारी निभाता है — हर सेवा का प्रमाण सीधे आपके WhatsApp पर.
See Plans — ₹251/Monthly से शुरूKya aap apne aur apni family ke liye har mahine punya kar paa rahe ho, vedic rituals ke saath?
क्या आप माता-पिता के निमित्त दान-पुण्य करवा पाते हैं?
अपना उत्तर चुनें
Niyamit Daan-Punya Ke Laabh
व्यस्तता की वजह से पुण्य पीछे न रह जाए।
शहर की दौड़-भाग में हर घर अपने दान-पुण्य, हवन और पूजा से दूर होता जा रहा है। पुण्यता यह ज़िम्मेदारी अपने ऊपर लेता है — आपके नाम, आपके गोत्र, आपके संकल्प से।
"हम आपकी ज़िम्मेदारी नहीं लेते — हम उसे आपकी ओर से निभाते हैं।"
योजनाएं
₹251/Monthly से शुरू • 4 सदस्यों तक
कैसे काम करता है
अपने नाम एवं गोत्र से मासिक संकल्प लें।
तीर्थ गुरु पुष्करराज में आपकी सेवा सम्पन्न होती है।
हर अनुष्ठान का Video Proof आपके WhatsApp पर।
Proof Gallery
See All →



हर सेवा का Live/Video Proof — WhatsApp पर हर माह।
पुण्य ही एकमात्र संचित धन है।
कलिजुग केवल हरि गुन गाहा। गावत नर पावहिं भव थाहा॥
कलियुग में केवल भगवान श्रीहरि के गुण गान से ही मनुष्य भवसागर से पार हो जाता है।
दातव्यमिति यद्दानं दीयतेऽनुपकारिणे। देशे काले च पात्रे च तद्दानं सात्त्विकं स्मृतम्॥
योग्य पात्र को, उचित स्थान और समय पर, बिना किसी प्रत्युपकार की आशा से दिया गया दान 'सात्त्विक दान' कहलाता है।
दानेन तुल्यं सुकृतं न कच्चित्।
दान के समान कोई पुण्य नहीं है। यह पुण्य केवल इस जन्म तक सीमित नहीं — शास्त्रों के अनुसार आत्मा के साथ आगे भी चलता है।
जब हम स्वयं दान-पुण्य नहीं कर पाते — तो पुण्यता यह पवित्र कर्तव्य आपके नाम से निभाता है।
पूरे परिवार के लिए
एक सदस्यता — 4 सदस्यों तक का संकल्प। हर व्यक्ति का नाम एवं गोत्र संकल्प में बोला जाता है।
FAQ's
सभी के नाम का संकल्प साथ में लिया जाएगा। हर व्यक्ति का नाम और गोत्र अलग-अलग बोला जाएगा, लेकिन पंडित जी एक ही बार में सबके संकल्प सामूहिक रूप से ले लेंगे। इसीलिए यह सेवा सभी के लिए सुलभ और सस्ती रखी गई है।
अगर आप महीने के दूसरे मंगलवार से पहले सब्सक्राइब करते हैं, तो आपकी पहली सेवा उसी महीने के दूसरे मंगलवार को होती है — आपके प्लान की सभी सेवाओं के साथ। Premium और Premium Annual सदस्यों को उसी महीने के आखिरी शनिवार को अतिरिक्त सेवाएं (Saadhu Santo Ko Bhojan दोबारा + Sarv Rog Nivaran Hawan) भी मिलती हैं। अगर आप दूसरे मंगलवार के बाद जॉइन करते हैं, तो Basic सदस्यों को अगले महीने के दूसरे मंगलवार का इंतज़ार करना होता है (हालांकि इस बीच उसी महीने के आखिरी शनिवार में एक बार शामिल कर लिया जाता है, Hawan को छोड़कर)।
अगर किसी कारणवश सेवा न हो सके तो पूरा धन वापस किया जाएगा।
जी हाँ। प्रत्येक अनुष्ठान का Live या Video Proof सीधे आपके WhatsApp पर भेजा जाता है।
ईमानदारी से कहें तो — पुण्यता एक संगठित सेवा है, और किसी भी संगठन को चलते रहने के लिए आत्मनिर्भर होना पड़ता है। हम इसे छिपाते नहीं। फर्क सिर्फ प्राथमिकता का है: यहाँ पहले सेवा आती है, फिर उसे हर महीने बिना रुके चलाते रहने का प्रबंध। और आपका दिया हुआ पैसा कहाँ-कहाँ जाता है, यह जानने का पूरा हक आपका है। बड़ा हिस्सा — सीधे दान-पुण्य में: गौ-माता का चारा, वानरों के फल, साधु संतों का भोजन, तथा हवन एवं अनुष्ठान की सामग्री। शेष हिस्सा — पुण्यता को चलाने में: आचार्य एवं पंडित जी की टीम की दक्षिणा; हर सेवा की वीडियो रिकॉर्डिंग एवं एडिटिंग करने वाली टीम; पुष्कर का ऑफिस एवं वहाँ की व्यवस्था; तथा app, website, payment एवं WhatsApp पर प्रमाण पहुँचाने का तकनीकी खर्च। इसके साथ वह पूरी टीम भी — मैनेजर एवं समन्वयक जो हर महीने संकल्प सूची तैयार करते हैं, सेवाओं का शेड्यूल संभालते हैं, प्रमाण जाँचकर हर परिवार तक भेजते हैं, और आपके प्रश्नों का उत्तर देते हैं। यही लोग हैं जिनकी वजह से हर सेवा समय पर और बिना चूक के पूरी होती है। यही संतुलन है जिसकी वजह से जो सेवा सामान्यतः हज़ारों में पड़ती है, वह आप तक मात्र ₹251 में पहुँच पाती है — और हर महीने पहुँचती रहती है।
अवश्य। आप अपने माता-पिता, स्वर्गीय प्रियजनों या किसी भी सदस्य के नाम और गोत्र से यह मासिक संकल्प आरंभ कर सकते हैं।
जी हाँ, बिना किसी शुल्क या प्रश्न के आप अपना मासिक योगदान कभी भी रोक सकते हैं।





